नरसिंहपुर। जिले के जैन मंदिरों और अन्य धार्मिक स्थलों को निशाना बनाकर चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले शातिर चोर गिरोह का नरसिंहपुर पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से जैन मंदिर से चोरी गई करीब 100 वर्ष पुरानी दो प्राचीन प्रतिमाएं, सिंहासन, दान पेटी, शंख रखने का पात्र, आर्टिफिशियल आभूषण (श्रृंगार सामग्री), वारदात में प्रयुक्त स्कूटी और लोहे का कटर बरामद किया है। पुलिस ने इस कार्रवाई में तीन धार्मिक स्थलों पर हुई चोरी और चोरी के प्रयास की घटनाओं का खुलासा किया है।
पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना ने बताया कि पिछले लगभग 15 दिनों में जैन मंदिर सगौरिया (थाना करेली), माता मंदिर लिलवानी (थाना पलोहा) और खेरापति मंदिर तेन्दूखेड़ा में चोरी एवं चोरी के प्रयास की घटनाएं सामने आई थीं। धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों को गंभीरता से लेते हुए विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया और लगातार तकनीकी एवं वैज्ञानिक जांच की गई।
तकनीकी जांच और वैज्ञानिक साक्ष्यों से खुला राज
पुलिस ने घटनास्थलों का बारीकी से निरीक्षण कर वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए। सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र, तकनीकी विश्लेषण और पूर्व में हुई चोरी की घटनाओं के पैटर्न का तुलनात्मक अध्ययन किया गया। इसी दौरान निगरानी बदमाश नन्हे सिंह उर्फ समसेर राजपूत, आकाश उर्फ छोटू राजपूत, ब्रजेश गौड़ और रोहित उर्फ कुट्टू कीर की संदिग्ध गतिविधियां सामने आईं।
30 जुलाई 2026 को चारों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। प्रारंभ में उन्होंने पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया, लेकिन वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों के सामने उन्होंने तीनों घटनाओं में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली।
100 साल पुरानी प्रतिमाएं और अन्य सामान बरामद
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर जैन मंदिर सगौरिया से चोरी गई लगभग 100 वर्ष पुरानी भगवान की दो प्रतिमाएं और सिंहासन बरामद किया। इसके अलावा माता मंदिर लिलवानी से चोरी हुआ दान पेटी, शंख रखने का पात्र और श्रृंगार सामग्री भी बरामद कर ली गई। वारदात में प्रयुक्त स्कूटी और लोहे का कटर भी पुलिस ने जब्त किया है।
16 प्रतिमाएं नदी में फेंकने की बात कबूली
पूछताछ में आरोपी ब्रजेश गौड़ और रोहित उर्फ कुट्टू कीर ने खुलासा किया कि उन्होंने शेष 16 प्रतिमाओं को शक्कर नदी में फेंक दिया था। इन प्रतिमाओं की तलाश के लिए पुलिस द्वारा विशेष सर्च अभियान चलाया जा रहा है।
गिरफ्तार आरोपी
- नन्हे सिंह उर्फ समसेर राजपूत (58), निवासी गाडरवारा
- आकाश उर्फ छोटू राजपूत (25), निवासी गाडरवारा
- ब्रजेश गौड़ (30), निवासी तेन्दूखेड़ा
- रोहित उर्फ कुट्टू कीर (21), निवासी गाडरवारा
तीन विशेष टीमों ने किया खुलासा
पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संदीप भूरिया के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी अभिनव मिश्रा एवं मनोज गुप्ता के नेतृत्व में गठित तीन विशेष टीमों ने लगातार तकनीकी निगरानी, मुखबिर तंत्र और वैज्ञानिक विवेचना के आधार पर इस संवेदनशील मामले का सफल खुलासा किया। कार्रवाई में करेली, गाडरवारा, पलोहा, तेन्दूखेड़ा थाना पुलिस एवं साइबर शाखा के अधिकारियों और कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
