अटल टिंकरिंग लैब के लोकार्पण से विद्यार्थियों को मिलेगी नवाचार की नई दिशा : मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल



कठिनाइयों से घबराने के बजाय आत्मबल और अनुशासन से करें उनका सामना

नरसिंहपुर केसरी |नरसिंहपुर/पंचायत एवं ग्रामीण विकास एवं श्रम विभाग के मंत्री श्री प्रहलाद सिंह पटेल ने रविवार को शासकीय एम.एल.बी. स्कूल, नरसिंहपुर में लगभग 16.30 लाख रुपये की लागत से स्थापित अटल टिंकरिंग लैब का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आधुनिक शिक्षा के साथ नवाचार और वैज्ञानिक सोच का विकास समय की आवश्यकता है। अटल टिंकरिंग लैब विद्यार्थियों की रचनात्मक क्षमता को नई दिशा देगी और उन्हें विज्ञान एवं तकनीक के क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करेगी।




मंत्री श्री पटेल ने सभी को श्रावण मास की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पवित्र माह साधना, सेवा और आत्मचिंतन का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि विद्यालय से संबंधित जिन आवश्यकताओं की मांग की गई है, उन्हें शासन के स्तर पर प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाएगा।


विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए मंत्री श्री पटेल ने कहा कि जीवन में सुख और दुख दोनों आते हैं। किसी का जीवन केवल कष्टों या केवल सुखों से नहीं गुजरता। इसलिए परिस्थितियों से घबराने के बजाय स्वयं को हर चुनौती के लिए मानसिक और शारीरिक रूप से तैयार करना चाहिए। कठिनाइयों को बोझ नहीं, बल्कि आत्मविकास का अवसर मानने वाले ही जीवन में आगे बढ़ते हैं।


उन्होंने कहा कि आध्यात्मिक दृष्टि और सकारात्मक सोच व्यक्ति को हर परिस्थिति में मजबूत बनाती है। यदि मन दृढ़ हो तो वही परिस्थितियां, जो किसी के लिए दंड जैसी प्रतीत होती हैं, साधना का माध्यम बन जाती हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, संयम और आत्मबल को जीवन का आधार बनाने का आह्वान किया।


अपने छात्र जीवन के अनुभव साझा करते हुए मंत्री श्री पटेल ने बताया कि नियमित खेल, व्यायाम, अखाड़े की दिनचर्या और निरंतर अध्ययन ने उन्हें कठिन परिस्थितियों का सामना करने की शक्ति दी। उन्होंने कहा कि अनुशासित जीवन व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक रूप से सशक्त बनाता है तथा चुनौतियां उसकी दिनचर्या का सामान्य हिस्सा बन जाती हैं।


मंत्री श्री पटेल ने छात्राओं की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि आज बेटियां शिक्षा, खेल और विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश और समाज का गौरव बढ़ा रही हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें बेहतर शिक्षा, खेल और नवाचार की सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना समाज और शासन की जिम्मेदारी है।


उन्होंने कहा कि सुरक्षित और सशक्त समाज का निर्माण केवल कानून से नहीं, बल्कि आत्मानुशासन, शारीरिक क्षमता और सामाजिक एकजुटता से होता है। घर और विद्यालय ऐसे संस्कारों की पहली पाठशाला हैं, जहां से मजबूत और जिम्मेदार नागरिक तैयार होते हैं। समाज में संस्कार, शुचिता और मानवीय मूल्यों को आगे बढ़ाने में मातृशक्ति की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है।


कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्ष नीरज दुबे, पूर्व राज्यमंत्री  जालम सिंह पटेल, भाजपा जिलाध्यक्ष  रामसनेही पाठक, जनप्रतिनिधि, शिक्षकगण, छात्र-छात्राएं एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।

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